प्रस्ताव: अभी का जीवन साधारण है! कवि के जीवन में सुख काम और दुख और परेशानियां ज्यादा होता है! कभी हर समय देश और जनता की समस्याओं से घिरा रहता है! जीवन: कभी अपने जीवन में कुछ नहीं कर पता है लेकिन इस संसार में लोगों जागरूकता पैदा करने के लिए कविताओं की रचना करते हैं! कभी-कभी-कभी आत्म विभोर हो जाता है! कभी-कभी रोता है और कभी-कभी हंसना भी है! कभी-कभी रातों भर सोता रहता है! कभी मनुष्य के जीवन को प्रेरणा देता है! कवि का सोच हर समय दुनिया को जागृत करना है! कभी कविता लिखते समय चिंतित हो जाते हैं! क्योंकि उनके मन में तरह-तरह की भावनाएं जागृत होते रहते हैं उसे परवाह किए बिना कविता का रचना करते रहते हैं! भारतवर्ष मैं बहुत से कई हुए जो छायावाद और रूढ़िवाद से जुड़े हुए हैं! जैसे गोस्वामी तुलसीदास जयशंकर प्रसाद सूर्यकांत त्रिपाठी निराला आदि! आज भारतवर्ष में विशेष रूप से उत्तर भारत में युवा कवियों का बोलबाला है जो विशेष रूप से हास्य और व्यंग्य कविताएं लिखकर जनता को जागृत कर रहे हैं! नेपाल के बहू क्षेत्रीय भाषा फाउंडेशन द्वारा देश-विदेश के कवियों को प्रोत्साहित करने हेतु निशुल्क अंतर्राष्ट्रीय का...
विशाखापत्तनम/काठमांडू: विशाखापत्तनम दर्पण: आंध्र प्रदेश विशाखापत्तनम के रहने वाले जाने-माने साहित्यकार, कवि, लेखक और समाजसेवी के.वी. शर्मा को 21 फरवरी 2026 को मातृभाषा रत्न 2026 की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया है। ध्यान देने वाली बात यह है कि के.वी. शर्मा को यह इंटरनेशनल अवॉर्ड मातृभाषा के प्रचार और विकास में उनके अहम योगदान और लगातार साहित्य विकास और समाज सेवा के क्षेत्र में उनके अहम योगदान के लिए अब्द प्रतिभा बहू क्षेत्रीय सम्मान फाउंडेशन नेपाल ने 21 फरवरी 2026 को इंटरनेशनल मातृभाषा दिवस के मौके पर दिया है। मालूम हो कि कविता संग्रह में दो लेख और आम कविता संग्रह में 120 से ज़्यादा रचनाएँ प्रकाशित हो चुकी हैं और उनकी कविताएँ और लेख अलग-अलग अखबारों और मैगज़ीन में छपते रहते हैं।