नई दिल्ली(विशाखापत्तनम दर्पण समाचार)- आज दुनिया बड़े बदलाव के दौर से गुजर रही है, जहां पुरानी आर्थिक ताकतों की जगह नए विकास इंजन ले रहे हैं। बिजनेस-टू-बिजनेस रिलेशन और आर्थिक साझेदारी ही वैश्विक अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और मौजूदा हालात में ब्रिक्स ने इन संबंधों को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यह बात शुक्रवार को आयोजित ब्रिक्स बिजनेस फोरम में कही। पुत ने अपने संबोधन की शुरुआत में कहा, “आज यहां पर सभी की आपसी सहमति वाले व्यावसायिक संपर्क और संबंधों को मजबूत करने को लेकर बढ़ती दिलचस्पी को दिखाता है। यह जाहिर है कि एक विश्वनीय बिजनेस-टू-बिजनेस रिलेशन और आर्थिक साझेदारी अंतरराष्ट्रीय आर्थिक संबंधों की रीढ़ है। बिक्स ने इन संबंधों को और मजबूत करने में मदद की है। इसके साथ ही दुनिया में जो मौजूदा हालात बने हुए हैं, उसमें भी ब्रिक्स ने काफी मदद की है।” रूस के राष्ट्रपति ने कहा, “दुनिया में बड़े संरचनात्मक और गहरे बदलाव हो रहे हैं। इसकी वजह यह है कि तथाकथित पुराने नेता, जो 20वीं सदी के दूसरे हिस्से में आर्थिक बढ़ोतरी के अगुआ थे, उनकी जगह अब विकास के...
नई दिल्ली(विशाखापत्तनम दर्पण समाचार )- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने शुक्रवार को नई दिल्ली में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से पहले अहम द्विपक्षीय बैठक की। दोनों नेताओं ने रक्षा, ऊर्जा, अंतरिक्ष, व्यापार और लोगों के बीच संपर्क सहित कई क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के साथ-साथ पश्चिम एशिया और ब्लैक सी क्षेत्र में जारी संघर्षों पर भी चर्चा की। बैठक की शुरुआत दोनों नेताओं के नाश्ते से गले मिलने के साथ हुई। यह इस वर्ष उनकी दूसरी बैठक है। इससे पहले दोनों नेता 31 अगस्त को बिश्केक में आयोजित 26वें एससीओ शिखर सम्मेलन के इतर मिले थे। प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन को महान तमिल कवि और दार्शनिक तिरुवल्लुवर द्वारा रचित तिरुक्कुरल का रूसी भाषा में अनुदित संस्करण दिया। इस ग्रंथ में कृषि और किसानों से जुड़े विषयों पर भी विस्तृत विचार प्रस्तुत किए गए हैं। सूत्रों के अनुसार, दोनों नेताओं ने राजनीतिक, आर्थिक, रक्षा, ऊर्जा, अंतरिक्ष, चेतना और जन-से-जन संबंधों सहित विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में रेल क्षेत्र और सुर...