हरा-भरा नेचर भगवान का तोहफ़ा है,
और इसे बचाना हमारा फ़र्ज़ है।
पल्यूशन के चंगुल में फंसी धरती की खूबसूरती,
आज इंसानियत की लापरवाही की वजह से रो रही है!
आइए प्लास्टिक के राक्षस से छुटकारा पाएं,
आइए हर घर में सफ़ाई लाएं।
आइए सड़कों पर कचरा फेंकना बंद करें,
आइए स्वच्छ भारत को हकीकत बनाएं!
आइए धरती मां को हरियाली से भरें,
आइए पौधे लगाएं और ऑक्सीजन बढ़ाएं।
साफ़ माहौल हमारी सुरक्षा है,
और एनवायरनमेंट की सुरक्षा हम सबकी शुरुआत है!
साफ़ हवा, साफ़ पानी,
सबसे बड़ा खज़ाना जो हम आने वाली पीढ़ियों को देते हैं।
आइए आज जागें, आइए एनवायरनमेंट की रक्षा करें,
आइए इस यूनिवर्स को हेल्दी बनाएं!
के. वी शर्मा द्वारा रचित कविता, संपादक विशाखा संदेशम और विशाखापत्तनम दर्पण समाचार पत्रिका विशाखापत्तनम सेल 7075408386
विश्व पर्यावरण और स्वास्थ्य दिवस पर हार्दिक शुभकामानाएं


Comments
Post a Comment